पररवमतयत पररवेि िें मकिोर मवद्यामथयर्ों की मनणयर् क्षिता का अध्र्र्नरू कारण और मनवारण
Keywords:
मनणयय क्षमता, पररिमतयत पररिेश, मकशोर मिद्याथीAbstract
मकशोरािस्था एक महत्िपूणय मिकासात्मक अिस्था है। जीिन के इस काल में मिद्यामथययों में शारीररकए मानमसकए सामामजक और संिेगात्मक रूप से िहुत से िदलाि आते हैं । ऐसे में मनणयय क्षमता का कमजोर होना मिद्यामथययों के शैमक्षकए व्यमक्तगत और सामामजक जीिन पर िुरा प्रभाि डालता है। यह शोध पत्र िदलते हुए सामामजकए शैमक्षक और तकनीकी पररिेश में मकशोर मिद्यामथययों की मनणययदृक्षमता को प्रभामित करने िाले मिमभन्न कारणों की व्यायया करता है । प्रस्तुत शोध पत्र में संिमन्धत सामहत्य के सिेक्षण के माध्यम से मिद्यामथययों की मनणयय क्षमता को प्रभामित करने िाले कारकों का मिश्लेषण मकया गया है। अध्ययन में पाया गया मक मडमजटल युग का प्रभािए पाररिाररक अपेक्षाएँए मानमसक तनािए प्रमतस्पधायत्मक िातािरण और सामामजक प्रभाि ये ऐसे कुछ कारक है जो मिद्यामथययों की मनणयय दृ क्षमता को प्रभामित करते हैं । इसके अलािाए अध्ययन में कुछ मनिारण जैसे मक सोशल मीमडया का संतुमलत प्रयोगए पाररिाररक संिादए मशक्षा व्यिस्था में सुधारए मानमसक परामशय और भािनात्मक संतुलन इत्यामद सुझाि भी प्रस्तुत मकए गए हैंए मजनकी सहायता से मिद्यामथययों में मनणयय दृ क्षमता कौशल को मजिूत िनाया जा सकता हैए मजससे िे स्ितंत्र रूप से मनणयय लेने में सक्षम हो सकें ।